छत्तीसगढ़:कोरोना के चलते अब लोगों को महंगाई ने अपने चपेट में ले लिया है।पेट्रोल डीजल के बढ़ते दामों का असर अब आम जनता पर भारी पड़ने वाला है।जो यात्रियां बस की सुविधा से अपने रोजगार के लिए रोजाना आना-जाना करते है।उन्हें अब केवल बस का इंतजार करना पढ़ सकता है।क्योंकि बस संचालक अब सड़को पर उतर चुके हैं।और अनिश्चित काल तक प्रदर्शन की चेतावनी भी दी है।

जानकारी के अनुसार छत्तीसगढ़ यातायात संघ के बैनर तले बस संचालकों का चरणबद्ध आंदोलन आज से शुरू हो गया है।बस संचालक राजधानी रायपुर के पंडरी बस स्टैंड में बड़ी संख्या में एकजूट होकर डीजल की बढ़ती कीमत को देखते हुए यात्री किराया बढ़ाने की मांग को लेकर प्रदर्शन किया।इसके साथ ही मांग पूरी नहीं होने जल समाधि पर बैठने की चेतावनी भी दी।जिसके चलते आम लोगों को भी भारी समस्याओं का सामना करना पड़ सकता है।संचालकों का कहना है कि व्यवसाय से जुड़े बस मालिक, ड्राइवर, कंडक्टर, हेल्पर और क्लीनर सहित लगभग 1 लाख 8 हज़ार लोगों की रोजी-रोटी प्रभावित हुई है. मध्य प्रदेश, ओडिशा, झारखंड, महाराष्ट्र और उत्तर प्रदेश जैसे राज्यों में लगभग 30 से 35 प्रतिशत तक यात्री किराया बढ़ाया जा चुका है।लेकिन राज्य सरकार ने प्रदेश के बस किराया में कोई वृद्धि नही की।जिसके कारण आज बस संचालक सड़को पर उतरे हैं।

