दुनिया का सबसे बड़ा वैक्सीनेशन अभियान भारत मे चलाया जा रहा है।टीकाकरण जहाँ कोरोना को नियंत्रित करने व जनता को कोरोना के भयानक वायरस से बचाने के लिए किया जा रहा है, वही लोगों के जान को जोखिम में डालकर काले कारोबार करने वाले हैवानो की हैवानगी भी बढ़ चुकी है।वैक्सीनेशन अभियान के आड़ में देश के अंदर फर्जी वैक्सीन का धंधा भी पनप रहा है।
बता दें महाराष्ट्र के बाद पश्चिम बंगाल में भी फर्जी वैक्सीन लगाए जाने का मामला सामने आया है।जानकारी के मुताबिक वैक्सीनेशन कैंप में नकली वैक्सीन लगाए जाने से TMC सांसद मिमी चक्रवर्ती बीमार हो गई हैं।जांच के बाद फर्जी वैक्सीन का भंडाफोड़ किया गया।ऐसे ही मुंबई के कांदिवली इलाके में हीरानंदानी हेरिटेज सोसायटी में 30 मई को वैक्सीनेशन कैंप का आयोजन किया गया। इसमें 390 लोगों को वैक्सीन लगाई गई। इस फर्जीवाड़े का खुलासा तब हुआ जब वैक्सीन लगने के बाद किसी में भी पोस्ट वैक्सीनेशन सिंप्टम्स नहीं दिखाई दिए।लोगों का शक तब और गहरा हो गया जब वैक्सीनेशन के सर्टिफिकेट दिए गए। सर्टिफिकेट में जिन अस्पतालों का नाम लिखा था वहां जाकर जब सोसायटी के लोगों ने पूछताछ की तब पता लगा कि अस्पताल ने सोसायटी में इस तरह का कोई कैंप लगाया ही नहीं था।

इस तरह का मामला पश्चिम बंगाल में भी सामने आया। जहाँ फर्जी वैक्सीन की शिकार TMC सांसद और एक्ट्रेस मिमी चक्रवर्ती भी हो गईं। मिमी की शिकायत पर पुलिस ने एक आरोपी को गिरफ्तार किया जिससे पूछताछ में खुलासा हुआ कि इस कैंप में कोरोना की वैक्सीन की जगह एंटीबायोटिक का डोज दिया गया था।

