जब से छत्तीसगढ़ में ढाई – ढाई साल के मुख्यमंत्री पद की चर्चा शुरू हुई है तब से समय-समय पर किसी न किसी रूप से राजनीतिक वातावरण खराब करने के लिए कुछ असामाजिक तत्व भ्रामक खबरें फैला रहे हैं।
एक ऐसी ही खबर आज सुबह प्रसारित हुई है जिसमें यह दावा किया जा रहा है कि आगामी 17 अगस्त को छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल इस्तीफ़ा दे सकते हैं और उनकी जगह पर छत्तीसगढ़ के मौजूदा स्वास्थ्य मंत्री टी एस सिंहदेव नए मुख्यमंत्री पद की शपथ ले सकते हैं और ऐसा अगर नहीं हुआ तो टी एस सिंहदेव नाराज होकर इस्तीफ़ा दे सकते हैं। लेकिन स्वराज मिशन ने जब अपने विश्वसनीय सूत्रों से दिल्ली बात की तो ऐसी किसी भी खबर को पूर्णतः खारिज करते हुए इसे भ्रामक करार दे दिया गया।
इस विषय में छत्तीसगढ़ के स्वास्थ्य मंत्री टी एस सिंह देव से जब स्वराज मिशन की बात हुई तब उन्होंने ऐसी किसी भी खबर से इनकार किया और कहा कि कुछ लोग कांग्रेस पार्टी के अंदर फूट डालने की कोशिश कर रहे हैं जिनका सपना कभी साकार नहीं हो सकता है, क्योंकि कांग्रेस पार्टी में जो भी निर्णय होता है वह पार्टी के आंतरिक पटल पर होता है और कांग्रेस पार्टी के शीर्ष नेतृत्व ही कांग्रेस पार्टी के अहम निर्णय लेते हैं।
सिंहदेव ने कहा कि वे दिल्ली में अपने स्वास्थ्य कारणों से रुके हुए हैं और ढाई ढाई साल के फार्मूले पर उनकी किसी से कोई चर्चा नहीं हुई है। उन्होंने कहा कि पार्टी का जो भी निर्णय होता है वह सोनिया गांधी और राहुल गांधी तय करते हैं और उनके निर्णय पर कांग्रेस पार्टी के प्रत्येक कार्यकर्ता को हमेशा गर्म रहता है।
अंत में सिंहदेव ने कहा कि कांग्रेस पार्टी एक थी एक है और हमेशा एक रहेगी और जो लोग भी कांग्रेस पार्टी में फूट डालने की कोशिश कर रहे हैं वह अपने मंसूबों में कभी कामयाब नहीं हो सकते। असल बात यह है कि देश में इस समय छत्तीसगढ़ ही एक मात्र ऐसा प्रदेश है जहां कांग्रेस पार्टी सबसे ज्यादा मजबूत स्थिति में है और इसी को देखते हुए कुछ लोग गोगो पेट में दर्द हो रहा है।
इसीलिए छत्तीसगढ़ में 17 अगस्त को मुख्यमंत्री रिप्लेसमेंट की खबरें पूरी तरह से भ्रामक और प्रायोजित हैं। ज्ञात हो कि हाल ही में छत्तीसगढ़ के स्वास्थ्य मंत्री यह सिंहदेव ने कहा था कि वे100 जन्मों में भी कांग्रेस में ही रहेंगे और कांग्रेस से इस्तीफ़ा देकर दूसरी पार्टी में जाने का तो कोई सवाल ही पैदा नहीं होता है।

