रायपुर, छत्तीसगढ़ के RTI एक्टिविस्ट संजीव अग्रवाल को ०९ जुलाई २०२१ को सरकारी जांच कमिटी ने अपना पक्ष रखने के लिए बुलाया था. ISBM यूनिवर्सिटी द्वारा पैसों के बदले डिग्री के मामले में जांच कमिटी के समक्ष संजीव अग्रवाल ने महत्त्वपूर्ण दस्तावेज़ पेश किए...
संजीव अग्रवाल ने छत्तीसगढ़ के युवाओं के भविष्य की रक्षा के लिए ISBM यूनिवर्सिटी के द्वारा पैसों के बदले मार्कशीट और डिग्री बांटने के प्रकरण का खुलासा किया था जिसकी शिकायत उन्होंने छत्तीसगढ़ के शिक्षा मंत्री से की थी जिसके बाद शिक्षा मंत्री उमेश पटेल ने जांच के आदेश दिए.
संजीव अग्रवाल ने स्वराज मिशन से बताया की उन्होंने जांच कमिटी के समक्ष सभी साक्ष्य प्रस्तुत किए और जांच अधिकारी ने भी जांच की निष्पक्षता का आश्वाशन दिया है. उन्होंने कहा कि "मैं जांच अधिकारी के रवैये से संतुष्ट हूँ और उम्मीद करता हूँ कि जांच कमिटी की रिपोर्ट जल्द से जल्द आए और दोषियों को जल्द से जल्द सजा मिले.
इधर कई दिनों से स्वराज मिशन की टीम ISBM यूनिवर्सिटी के रजिस्ट्रार और चांसलर सेसंपर्क उनका पक्ष जानने के लिए निरंतर संपर्क करने का प्रयास कर रही है लेकिन दोनों ही कॉल अटेंड नहीं कर रहे हैं.